गोरखपुर- सपा के झंडे के रंग से मिलते टाइल्स टॉयलेट में लगाए, पार्टी ने की कार्रवाई की मांग

उत्तरप्रदेश के गोरखपुर में उस वक़्त बखेड़ा खड़ा हो गया जब यहां के रेलवे अस्पताल के टॉयलेट में समाजवादी पार्टी के झंडे से मिलते जुलते रंग की टाइल्स लगा दी गई। अब समाजवादी पार्टी ने इसे शर्मनाक बताते हुए कार्रवाई की मांग की है। इसकी तस्वीरें सपा के ऑफिसियल ट्विटर हैंडल से ट्वीट की गई हैं।

मायावती को अखिलेश से गठबंधन पर पछतावा,कहा-केस वापस लेकर गलती कर दी

उत्तरप्रदेश के राजनीति के दो परस्पर विरोधी जब साथ मिले थे तो सभी को यह आश्चर्य हुआ था कि ऐसा कैसे हुआ और क्यों हुआ। खैर यह गठबंधन फ्लॉप रहा और यूपी में बीजेपी की सरकार बन गई।

कल पप्पू तो आज कुशवाहा ने बनाया नया मोर्चा, क्या होगा अंजाम?

एक समय बीजेपी सरकार में केंद्रीय मंत्री रहे उपेंद्र कुशवाहा आज न एनडीए में रहे न महागठबंधन में, अब इसे उनकी अपनी निजी महत्वाकांक्षा कहें या वाकई सिद्धान्तों से समझौता न करने की जिद्द लेकिन वह कहीं टिक नही सके। अब वह दिल्ली दरबार से लेकर पटना तक दौड़ लगा खाली हाथ वापस लौटे और इसके बाद उन्होंने राज्य की जनता को एक नया विकल्प देने के नाम पर नए मोर्चे के एलान किया है।

उपेंद्र कुशवाहा को झटका दे राजद में शामिल हुए रालोसपा प्रदेश अध्यक्ष भूदेव चौधरी, जानें मायने

बिहार विधानसभा की रणभेरी तारीखों के एलान के साथ ही बज चुकी है। अब दल और नेता टिकट बंटवारे पर जहां ध्यान देने में लगे हैं वहीं दल बदलने का सिलसिला भी अनवरत जारी है। इसी क्रम में आज रालोसपा को एक और बड़ा झटका उस वक़्त लगा जब उपेंद्र कुशवाहा के खास माने जाने वाले और रालोसपा के प्रदेश अध्यक्ष भूदेव चौधरी आज राजद में शामिल हो गए। पहले से ही महागठबंधन और एनडीए से दूर दूर चल रहे उपेंद्र कुशवाहा के लिए यह बड़ा झटका है।

बिहार में कांग्रेस को फायदा, मिलेंगी इतनी सीटें, उपेंद्र कुशवाहा पर सस्पेंस

बिहार विधानसभा चुनावों की तारीखों का एलान हो चुका है। पहले चरण के चुनाव में अब ठीक एक महीने का वक़्त बाकी है। हालांकि चुनावों के तारीखों के एलान के बावजूद अभी तक सत्ता पक्ष या विपक्ष किसी भी तरफ से सीट बंटवारे या उम्मीदवारों के एलान को लेकर कोई खबर नही है।

बिहार विधानसभा चुनाव- टिकट की आस में दलों को मिले हजारों बॉयोडाटा, बढ़ी परेशानी

बिहार विधानसभा चुनावों की तारीखों के ऐलान के साथ ही टिकट की चाह रखने वाले नेताओं की पटना और दिल्ली दरबार की दौड़ शुरू हो चुकी है। हालांकि कोरोना काल मे लड़े जाने वाले इस चुनाव में हर दल के पास सीटों की संख्या जहां सीमित है वहीं एक अनार और सौ बीमार हैं।

उपेंद्र कुशवाहा के सामने अब अस्तित्व बचाने की लड़ाई, महागठबंधन में बेकद्री,एनडीए में नो एंट्री

बिहार विधानसभा चुनावों की तारीखों का एलान हो चुका है। हालांकि तारीखों के एलान के 24 घंटे बीतने के बावजूद भी अभी तक एनडीए और महागठबंधन में सीटों के बंटवारे और टिकट बंटवारे पर पेंच फंसा हुआ है।

बिहार विधानसभा चुनाव- पहले सात निश्चय योजना का पता नही, पार्ट-2 का हो गया एलान, फिर वादों के भरोसे चुनाव

बिहार विधानसभा चुनाव 2020 के तारीखों का ऐलान कल निर्वाचन आयोग ने कर दिया है। बिहार में चुनाव तीन चरणों मे कराए जाएंगे। पहले चरण के लिए 28 अक्टूबर, दूसरे चरण के लिए 3 नवंबर और तीसरे चरण के लिए 7 नवंबर को मतदान होगा। नतीजों का ऐलान 10 नवंबर को होगा। राज्य में चुनावों के तारीखों के एलान के साथ ही जनता को लुभाने के लिए वादों और बातों का दौर शुरू हो गया है।

पटना में अब दिखा नीतीश विरोधी पोस्टर, पीएम के पुराने बयान को आधार बना लिखा- नीतीश के डीएनए में गड़बड़ है

बिहार विधानसभा चुनावों के मद्देनजर हर दल और नेता कैसे भी एक मनोवैज्ञानिक बढ़त ले लेना चाहता है। बात सोशल मीडिया की करें, ग्राउंड लेवल कैंपेन की करें या पारंपरिक चुनाव के प्रचार के तरीकों की हर दल में एक दूसरे से आगे निकलने की होड़ लगी हुई है।

चुनावी मौसम में पोस्टर वॉर, एनडीए के पोस्टर पर नीतीश मोदी साथ, राजद में तेजस्वी का दिख रहा चेहरा, लालू गायब

बिहार में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर राजनीतिक दलों की तैयारियां जोरों अपर हैं। कोरोना काल मे रैली और सीधे प्रत्यक्ष जनसंवाद बेशक कम हुए हैं लेकिन सोशल मीडिया पर एक दूसरे से आगे निकलने की होड़ लगी है।

बिहार विधानसभा चुनाव- तेजस्वी बोले-अभी बिहार-बिहार करेंगे, चुनाव होते ही भूल जाएंगे

बिहार में चुनावी सरगर्मियों के बीच राजनीतिक तपन तेजी से बढ़ रही है। एक तरफ जहां सरकार वादे, यादें, शिलान्यास और उद्घाटन से जनता को विकास और अपनी कामयाबी की बातें बताने में जुटी है वहीं दूसरी तरफ विपक्ष लगातार हमलावर है। खास कर कृषि संबंधित बिल ने जैसे विपक्ष को संजीवनी दे दी है और इसको लेकर सरकार को लगातार तीखे सवालों का सामना करना पड़ रहा है।