बिहार विधानसभा चुनाव- नरम नही पड़ रहे चिराग के तेवर, क्या NDA टूटेगा?

आगामी बिहार विधानसभा चुनावों को लेकर दलों और नेताओं के बीच तैयारियों, टिकट बंटवारे सहित मुद्दों के चयन को लेकर लगातार बैठकों, बयानबाजी और आकलन अनुमान का दौर है।

पॉलिटिक्स में गुप्तेश्वर पांडे की एंट्री पर चर्चा के बीच वायरल हुआ ‘रॉबिनहुड बिहार के’ गाना, देखें वीडियो

बिहार के डीजीपी पद से गुप्तेश्वर पांडे के इस्तीफा देने के बाद से उनकी पॉलिटिक्स में एंट्री लगभग तय मानी जा रही है। बेशक अभी पांडे जी अपने पत्ते नही खोल रहे और राजनीति में जाने और चुनाव लड़ने के सवालों को टाल रहे हैं लेकिन यह माना जा रहा है कि वह आगामी बिहार विधानसभा में बक्सर से या वाल्मीकिनगर लोकसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव में जदयू के टिकट पर चुनाव लड़ सकते हैं।

पटना में अब दिखा नीतीश विरोधी पोस्टर, पीएम के पुराने बयान को आधार बना लिखा- नीतीश के डीएनए में गड़बड़ है

बिहार विधानसभा चुनावों के मद्देनजर हर दल और नेता कैसे भी एक मनोवैज्ञानिक बढ़त ले लेना चाहता है। बात सोशल मीडिया की करें, ग्राउंड लेवल कैंपेन की करें या पारंपरिक चुनाव के प्रचार के तरीकों की हर दल में एक दूसरे से आगे निकलने की होड़ लगी हुई है।

बिहार विधानसभा चुनाव: कन्हैया कुमार ने इस बार चुनाव नहीं लड़ने का किया ऐलान, जानें क्या कहा

जेएनयू के पूर्व छात्र संघ के अध्यक्ष और सीपीआई का युवा चेहरा कन्हैया कुमार ने इस बार बिहार विधानसभा चुनाव न लड़ने का मन मना लिया है.

बिहार विधानसभा चुनाव- तेजस्वी बोले-अभी बिहार-बिहार करेंगे, चुनाव होते ही भूल जाएंगे

बिहार में चुनावी सरगर्मियों के बीच राजनीतिक तपन तेजी से बढ़ रही है। एक तरफ जहां सरकार वादे, यादें, शिलान्यास और उद्घाटन से जनता को विकास और अपनी कामयाबी की बातें बताने में जुटी है वहीं दूसरी तरफ विपक्ष लगातार हमलावर है। खास कर कृषि संबंधित बिल ने जैसे विपक्ष को संजीवनी दे दी है और इसको लेकर सरकार को लगातार तीखे सवालों का सामना करना पड़ रहा है।

सुशांत सिंह पर RJD नेता के बिगड़े बोल, कहा सच्चा राजपूत होता तो आत्महत्या नहीं करता

अरुण यादव ने दिए अपने एक बयान में सुशांत सिंह के ‘राजपूत’ होने पर ही प्रश्न चिन्ह लगा दिया. उन्होंने कहा की खुदखुशी करने वाला कभी भी महाराणा प्रताप का वंशज नहीं हो सकता.

जारी है बिहार में विधायकों को खदेड़ने का सिलसिला, जनता मांग रही हिसाब, विधायक कर रहे वादे, पढ़ें

5 साल तक चुनाव जीत नदारद रहने वाले विधायकों की राह इस बार बिहार विधानसभा चुनाव में मुश्किल नजर आ रही है। लोकलुभावन वादे कर जीतने वालों से अब जनता हिसाब मांग रही है। क्षेत्रीय समस्याओं पर लोगों के गुस्से का सामना अभी तक बिहार में कई विधायक कर चुके हैं।

बिहार- पीएम ने दिया पेट्रोलियम प्रोजेक्ट्स का तोहफा, बाँका और चंपारण को मिली खास सौगात

पीएम ने आज पारादीप-हल्दिया-दुर्गापुर पाइपलाइन का बांका तक विस्तार, बांका में इंडियन ऑयल के एलपीजी बॉटलिंग प्लांट और चंपारण में हिंदुस्तान पेट्रोलियम के गैस बॉटलिंग प्लांट का लोकार्पण किया।

पहली डिजिटल रैली में गरजे नीतीश, कहा-बिहार को लालटेन की जरूरत नही, पढ़ें

बिहार चुनावों को लेकर वक़्त जैसे जैसे नजदीक आ रहा है वैसे वैसे दलों और नेताओं के बीच जुबानी जंग तेज होती जा रही है। एक तरफ जहां एनडीए की तरफ से नीतीश कुमार मोर्चा संभाले नजर आ रहे हैं वहीं दूसरी तरफ महागठबंधन की तरफ से तेजस्वी आरोपों के तीर जदयू की तरफ हर दिन चला रहे हैं। आज पहले जहां तेजस्वी ने नीतिश पर हमला बोलते हुए दस सवाल पूछे थे वहीं अपनी पहली डिजिटल रैली के माध्यम से नीतीश ने अब पलटवार किया है।

अपनी ही पार्टी के लिए मुसीबत बनेंगे तेजप्रताप? अब की यह मांग

उम्मीद थी कि राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पिता लालू प्रसाद यादव से मिलने के बाद तेजप्रताप ऐसी कोई बयानबाजी नही करेंगे जिससे पार्टी को विधानसभा चुनाव के दौरान नुकसान उठाना पड़े लेकिन अब उनका एक ऐसा बयान सामने आया है जो पार्टी के लिए बड़ी मुसीबत का सबब बन सकता है।

बिहार में राजद-जदयू का खेल खराब कर सकते हैं यह दल, पढ़ें

बिहार विधानसभा चुनाव की सरगर्मी के बीच दल और इसके नेता अब एक्टिव नजर आने लगे हैं। यूँ तो यह माना जा रहा है कि सत्ता की मुख्य लड़ाई राजद की अगुवाई वाली महागठबंधन और नीतीश कुमार की अगुवाई वाली महागठबंधन के बीच ही होगी। हालांकि इससे इनकार नही किया जा सकता कि कई छोटे दलों की मौजूदगी इस खेल को खराब करने का माद्दा रखती है।

बिहार- एनडीए की नाव पर सवार होते ही लालू पर मांझी का तंज, कहा- मेरा बेटा एमए पास

बिहार विधानसभा चुनावों के मद्देनजर पाला बदलने का खेल जारी है। क्या दल और क्या नेता सब अपने लिए सुरक्षित पनाह ढूंढने में लगे हैं। इसी क्रम में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी की अगुवाई वाली हिंदुस्तान अवाम मोर्चा एनडीए के हिस्सा बन चुकी है। महागठबंधन छोड़ने के बाद एनडीए में शामिल होने का एलान करने वाले जीतन राम मांझी ने इस अवसर पर लालू और उनके पुत्र तेजस्वी यादव पर जोरदार हमला बोला है।

बिहार चुनावों से पहले पीएम मोदी बिहार को देंगे बड़ी सौगात, पढ़ें

बिहार विधानसभा चुनावों की सरगर्मी के बीच वादों और इरादों को दिखाने, बताने और रिझाने का मौसम शुरू हो गया है। अभी बेशक चुनावी महीने के आने में कुछ वक्त शेष है लेकिन दल अपने अपने हिसाब से इसकी योजना में लगे हुए हैं। सत्ताधारी एनडीए और सीएम नीतीश पर जहां सत्ता विरोधी लहर का दबाव है वहीं विपक्ष भी पूरी ताकत के साथ कोसने और विरोध के अपने काम मे अब लगता नजर आ रहा है। इसी बीच ख़बर आई है कि पीएम मोदी बिहार को बड़ी सौगात देंगे।

आखिर क्यों लालू ने तेजप्रताप को किया रांची तलब?

लालू प्रसाद यादव ने अपने बड़े बेटे तेजप्रताप यादव को रांची बुलाया है। माना जा रहा है कि लालू उनके रघुवंश प्रसाद सिंह पर दिए बयान को लेकर खफा हैं। इसके अलावा एक चर्चा यह भी है कि तेजप्रताप के ससुर और लालू के समधी चंद्रिका राय की जदयू में एंट्री और उनकी बेटी ऐश्वर्या के तेजप्रताप के खिलाफ चुनाव लड़ने की खबरों ने भी राजद और लालू परिवार के लिए मुसीबत बढ़ा दी है। खबरों में यह भी कहा गया है कि तेजप्रताप इस बार महुआ विधानसभा की जगह हसनपुर से चुनाव लड़ सकते हैं और इसी बात पर मुहर लगवाने वह पिता लालू प्रसाद यादव से मिलने पहुंचेंगे। कल उनकी मुलाकात लालू प्रसाद यादव से हो सकती है

बिहार- NDA में फिलहाल सब ठीक, नड्डा के बयान से मिला संदेश

बिहार में इस साल विधानसभा चुनाव होने हैं। निर्वाचन आयोग ने कोरोना महामारी के इस दौर में चुनाव से संबंधित गाइडलाइंस भी जारी कर दी है और इसके साथ ही राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप से लेकर दल बदल और चुनावी सुगबुगाहट भी तेज हो गई है। एक दूसरे पर जम कर निशाना साधा जा रहा है वहीं मुद्दों के लिए जनता की नब्ज टटोलने के साथ संभावित प्रत्याशी की भी खोज हर दल में शुरू हो गई है।

कोरोना के चलते फीका रहेगा बिहार का ‘चुनावी दंगल’, चुनाव आयोग ने जारी की गाइडलाइन्स

गाइडलाइन्स के मुताबिक उमीदवार को सिक्योरिटी मनी और नामांकन पत्र ऑनलाइन ही भरना होगा. मतलब की इस बार नामांकन भरने के लिए उम्मीदवार रथ यात्राएं नहीं कर सकेंगे.

एनडीए की नाव पर माँझी की सवारी तय, महागठबंधन का छोड़ा साथ

बिहार विधानसभा चुनाव के किये जैसे जैसे दिन कम होते जा रहे हैं और चुनावी समर नजदीक आ रहा है वैसे-वैसे हर दिन नए समीकरण बनते और बिगड़ते दिख रहे हैं। इसी क्रम में कभी नीतीश से अलग होकर अपनी पार्टी बनाने वाले पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने आज महागठबंधन का साथ छोड़ दिया है। इसी के साथ यह लगभग स्पष्ट है कि आने वाले कुछ दिनों में वह एनडीए के हिस्सा बनेंगे। श्याम रजक के जदयू से जाने के बाद मांझी की वापसी को डैमेज कंट्रोल के रूप में देखा जा रहा है।

जारी है बिहार चुनावों से पहले दल बदलने का सिलसिला, अब लालू के समधी आए नीतीश के पाले

बिहार विधानसभा चुनाव की बढ़ती सरगर्मियों और तैयारियों के बीच पाला बदलने का खेल बदस्तूर जारी है। बड़े नामों की बात करें तक नीतीश सरकार में उद्योग मंत्री और जदयू के बड़े दलित नेता माने जाने वाले श्याम रजक ने नीतीश का साथ छोड़ राजद के दामन थाम लिया था। उसके बाद से लगातार इस दल से उस दल में नेताओं के आने जाने का सिलसिला अनवरत जारी है।