हिमाचल प्रदेश के किन्नौर में एक बार फिर भूस्खलन की घटना ने कोहराम मचा दिया है। बुधवार को हुए भयानक भूस्खलन में डिप्टी कमिश्नर सादिक हुसैन के अनुसार 50-60 लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका है।

विधानसभा सत्र के दौरान हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने भी घटना की पुष्टि की है। बता दें कि एक महीने से भी कम समय में किन्नौर में भूस्खलन की यह दूसरी बड़ी घटना है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने बताया कि भूस्खलन के मलबे में 50-60 लोगों के दबे होने की आशंका है।

घटना यह है कि 50 से 60 यात्रियों से भरी एक हिमाचल रोड ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन की बस किन्नौर के रेकोंगे पेओ से शिमला की ओर जा रही थी।

भूस्खलन होने से बस और अन्य पांच छोटे वाहन भी मलबे में दब गये हैं। चट्टान खिसकने के बाद से नेशनल हाईवे नंबर 5 ब्लॉक है। यह हादसा बुधवार दोपहर साढ़े 12 बजे के आसपास हुआ। मलबे में हिमाचल रोड ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन की बस के साथ ही एक ट्रक और एक गाड़ी भी दबी हुई है।

बचाव अभियान के तहत अब तक बस ड्राइवर और कंडक्टर समेत 4 लोगों को मलबे से निकाल लिया गया है। फिलहाल भारतीय सेना, आईटीबीपी, एनडीआरएफ और पुलिस की टीमें बचाव अभियान में जुटी हैं। अब भी थोड़ा बहुत भूस्खलन हो रहा है, लेकिन इस बीच बचाव अभियान जारी है।

सुरक्षा बलों ने अब तक 9 लोगों को बचा लिया है, जबकि एक व्यक्ति का शव बरामद हुआ है। हादसे में आईटीबीपी के प्रवक्ता विवेक पांडे ने बताया कि निगुलसेरी में नेशनल हाईवे-5 पर भूस्खलन घटनास्थल पर आईटीबीपी की तीन बटालियन के करीब 200 जवान हैं।

रेस्क्यू टीम करीब एक घंटे से भूस्खलन के रुकने का इंतजार कर रही है लेकिन पहाड़ी से लगातार चट्टानें गिर रही हैं। करीब 40 लोगों के फंसे होने की आशंका जताई रही हैं। इसके अलावा स्थानीय प्रशासन भी बचाव के काम में जुटा है।

घटना को लेकर प्रधानमंत्री मोदी, गृहमंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री से बात की है। प्रधानमंत्री ने मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर को भरोसा दिलाया कि किन्नौर में हुए हादसे में बचाव के लिए केंद्र की ओर से पूरी मदद की जाएगी।

Read More

  1. अक्षय कुमार की नई फिल्म का आज आ रहा है ट्रेलर
  2. जातीय जनगणना के पक्ष में नीतीश कुमार केंद्र की असहमति के बाद करेंगे राज्यस्तरीय कोशिश
  3. एआईएमआईएम से निपटने के लिए कांग्रेस और सपा ने तैयार की यह रणनीति