केंद्र सरकार ने बुधवार को राज्यसभा में सेंट्रल विस्टा परियोजना के खर्च के बारे में बताया। केंद्र ने‌ जानकारी दी कि सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना पर अब तक ₹301 करोड़ खर्च किए गए हैं जिसमें नए संसद भवन पर ₹238 करोड़ शामिल हैं।

वहीं इसकी कुल अनुमानित लागत ₹971 करोड़ की बताई गई। इसमें से बचे हुए 63 करोड़ रुपये सेंट्रल विस्टा एवेन्यू पर खर्च किए जाने की बात कही गई जिसका 608 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से पुनर्विकास किया जा रहा है।

राज्यसभा सदस्य जीसी चंद्रशेखर और राजमणि पटेल के सवाल के जवाब में आवास और शहरी मामलों के राज्यमंत्री कौशल किशोर शर्मा ने उच्च सदन में यह जानकारी दी।

सवाल सेंट्रल विस्टा पुनर्विकास परियोजना की कुल अनुमानित लागत और इसे पूरा करने के समय सीमा के बारे में सरकार था।

राज्यमंत्री कौशल किशोर ने इसका जवाब देते हुए कहा, सेंट्रल विस्टा एवेन्यू को इस साल नवंबर तक पूरा किया जाना है, जबकि नया संसद भवन अगले साल अक्टूबर में पूरा हो जाएगा।

जबकि सरकार ने दो विशिष्ट परियोजनाओं की लागत का उल्लेख किया है। उन्होंने बताया राजपथ के सुधार और क्षेत्र में संबंधित नए निर्माण से एक नए एसपीजी की स्थापना होगी।

इन परियोजनाओं की कुल लागत लगभग ₹ 13,500 करोड़ होने का अनुमान बताया है, जैसा कि केंद्रीय लोक निर्माण विभाग द्वारा अनुमानित है।

दस्तावेजों के अनुसार, उपराष्ट्रपति का नया कार्यालय और नया संसद भवन पूरा होने वाला पहला ढांचा होगा, जबकि अन्य सभी को दिसंबर 2026 तक पूरा किया जाना है।

वर्तमान में सेंट्रल विस्टा एवेन्यू प्रोजेक्ट में राजपथ, जो राष्ट्रपति भवन से इंडिया गेट तक जाता है, और नई संसद का काम शामिल है।

2020 में पर्यावरण मंत्रालय को दिए गए प्रस्ताव के मुताबिक करीब 458,820 वर्ग मीटर बिल्ट-अप एरिया को तोड़ा जाएगा।

इन संरचनाओं में भवन आवास इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (आईएनजीसीए), जो लगभग 25 एकड़ जमीन पर स्थित है, शास्त्री भवन, कृषि भवन, विज्ञान भवन, उपाध्यक्ष आवास, राष्ट्रीय संग्रहालय, जवाहर भवन, निर्माण भवन, उद्योग भवन, रक्षा भवन और आईएनएस हटमेंट शामिल हैं।

केंद्रीय राज्यमंत्री ने बताया कि इस पर कुल 1289 करोड़ रुपए खर्च हो सकते हैं। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि दोनों प्रोजेक्ट्स में खर्च होने वाली रकम का बंटवारा नहीं किया गया है।

यहां पर होने वाले नए निर्माण में स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप के लिए भवन, उपराष्ट्रपित एंक्लेव, सेंट्रल कांफ्रेंस सेंटर, दस कॉमन सेक्रेट्रिएट भवन आदि शामिल हैं।

Read More

  1. बिहार में जारी हुआ अनलॉक-5, मिली और कई छूटें
  2. नायडू की अध्यक्षता में विपक्ष का रुख नरम होने से 7 बिलों के पास होने का बना रास्ता
  3. दलितों के मुद्दों को लेकर प्रधानमंत्री से मिले मंत्री संतोष कुमार सुमन
  4. बैठक को लेकर उपराज्यपाल पर भड़के दिल्ली के मुख्यमंत्री
  5. लोकसभा सभापति को चेयर से खड़े होकर हंगामा शांत करने का करना पड़ा अनुरोध