बिहार में चुनाव प्रचार पूरे उफान पर है। हर दल की तरफ से चुनावी मैदान मारने की होड़ लगी हुई। हर दल के शीर्ष नेता और स्टार प्रचारक आरोपों के शब्दबाण जमकर चला रहे हैं। इन सब के पीछे मकसद एक है और वह मकसद है मतदाताओं को लुभाने का। उम्मीदवार को जिताने के प्रयास का। इसी क्रम में बीजेपी नेत्री और केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी आज एनडीए गठबंधन के पक्ष में चुनावी सभा को संबोधित करने बिहार पहुंची थी।
कांग्रेस और राजद सहित महागठबंधन में शामिल तमाम दलों पर हमला बोलते हुए स्मृति ईरानी ने अपनी रैली के दौरान कहा कि,’बिहार का नागरिक जब लक्ष्मी के सामने शीश झुकाता है तो पाता है कि लक्ष्मी जब घर आती है तो कांग्रेस का हाथ पकड़कर नहीं आती, लालटेन संग नहीं लाती, अरे! लक्ष्मी आती है तो कमल पर बैठकर आती है।’
बिहार के स्वाभिमान और बिहार में लालू शासनकाल में हुए चारा घोटाले की याद दिलाते हुए स्मृति ईरानी ने कहा,’बिहार का स्वाभिमानी नागरिक कभी भगवान से ये नहीं कहता है कि भगवान मुझे ऐसा मौका दे कि मैं भी चारे घोटाले में पैसा कमा लूं। वो जब लक्ष्मी का आशीर्वाद मांगता है तो सिर्फ इतना कहता है कि मां बस बाजुओं में इतना दम दे कि अपने परिवार का भरण-पोषण इज्जत से कर सकूं।’
