उत्तर प्रदेश राज्य में 100 सीटों पर चुनाव लड़ेगी एआईएमआईएम, राजभर-ओवैसी के गठबंधन ने दिया यह चुनावी फार्मूला

उत्तर प्रदेश में होने वाले 2022 के विधानसभा चुनाव को लेकर एक बार फिर से बड़ी खबर आई है। असदुद्दीन ओवैसी ने उत्तर प्रदेश में अपनी पार्टी एआईएमआईएम के 100 सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। ओवैसी ने कहा कि उनकी पार्टी का अभी तक सिर्फ ओमप्रकाश राजभर की पार्टी के साथ गठबंधन है।

यूपी उपचुनाव- रुझानों में बीजेपी सबसे आगे, एक पर सपा-एक पर निर्दलीय आगे

उत्तरप्रदेश में योगी की परीक्षा माने जाने वाले उपचुनावों के नतीजों को लेकर शुरुआती रुझान आने शुरू हो गए हैं। शुरुआती रुझान में योगी की अगुवाई में बीजेपी सबसे आगे है। एक सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार आगे है। वहीं बीजेपी 6 सीटों पर बीजेपी आगे चल रही है। ऐसे में अखिलेश यादव की अगुवाई वाली सपा के लिए इसे बड़ा झटका माना जा रहा है

कोरोना के चलते फीका रहेगा बिहार का ‘चुनावी दंगल’, चुनाव आयोग ने जारी की गाइडलाइन्स

गाइडलाइन्स के मुताबिक उमीदवार को सिक्योरिटी मनी और नामांकन पत्र ऑनलाइन ही भरना होगा. मतलब की इस बार नामांकन भरने के लिए उम्मीदवार रथ यात्राएं नहीं कर सकेंगे.

पीएम मोदी के नाम दर्ज हुए यह दो बड़े रिकॉर्ड, नेहरू अब भी इस मामले में हैं मोदी से बहुत आगे

पहला रिकॉर्ड यह है कि नरेंद्र मोदी सबसे लंबे समय तक प्रधानमंत्री रहने वाले पहले गैर कांग्रेसी पीएम बन गए हैं।

फिर फ्लॉप होगा विपक्षी गठबंधन, पढ़ें दो सबसे बड़े कारण

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी को नेता मानने को तैयार नही, इसके अलावा अखिलेश,ममता, मायावती, मुलायम जैसे नेता भी नेतृत्व के दावेदार हैं ऐसे में एक नाम पर सहमति बनाना बड़ी चुनौती है।

पेट्रोल-डीजल को लेकर बड़ी खुशखबरी, यह देश करेगा भारत की हर जरूरत पूरी

सऊदी अरब के पेट्रोलियम मंत्री खालिद अल फलीह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सराहना करते हुए कहा कि मोदी और उनकी सरकार ने भारत में कारोबार करने को सुगम कर दिया है और वे ‘अच्छे दिन’ ला रहे हैं। हम भारत की हर जरूरत को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हम उसकी जरूरतों का ध्यान रखेंगे।

एक ऐसा इंटरव्यू जिसने राजनीतिक गलियारों में मचाया तूफान, गठबंधन पस्त, बीजेपी मस्त

बसपा सुप्रीमो मायावती ने कांग्रेस-बसपा गठबंधन की किसी भी संभावना से इनकार कर दिया है वहीं बीजेपी को अप्रत्यक्ष तौर पर फौरी राहत भी दे दी है।

कांग्रेस के सहयोगी रहे इस बड़े नेता ने कहा-मोदी की नीयत पर शक नही

एक मराठी चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा कि निजी तौर पर मुझे या किसी को भी कम से कम पीएम मोदी की नीयत पर शक नही होना चाहिए।

राजनीति में कब तक दोहराए जाएंगे पुराने राग, मुद्दे क्यों हैं गौण ?

राजनीति में बदलाव लाने के नाम पर आई आम आदमी पार्टी भी उसी दलगत,जातिगत राजनीति का हिस्सा बन गई है। भ्रष्टाचार और लंबे चौड़े वादे कर कांग्रेस को बेदखल करने वाली बीजेपी भी उसी राह चल चुकी है। कांग्रेस के पास न चेहरा है न देश के पास विकल्प जो इसकी भरपाई कर सके।

न खाद, न पानी कैसे चले जिंदगानी

कृषि के लिए पानी की समुचित व्यवस्था आज भी नही है। सरकार ट्यूबवेल लगवाने या पम्प सेट खरीदने के नाम पर सब्सिडी देने की बात करती है, देती भी है लेकिन किसे यह नही पता क्योंकि जिन्हें यह मिलता है वह इसके वाजिब हकदार होते ही नही!

राजनेताओं से यह सवाल पूछने की जहमत कौन उठाये, पूछ भी लें तो कौन सा भला हो जाये?

दिलचस्प यह भी है कि आज इसपर सवाल भी नही उठाये जा रहे हैं। ऐसा इसलिए है क्योंकि न इससे टीआरपी मिलेगी, न इसमे कोई मसाला है, न किसी की दिलचस्पी है।

आज शाह-योगी पर उठ रहे सवाल लेकिन आगे वापसी होगी जोरदार, पढ़ें कैसे

जिस तरह बहुत ही साफगोई से बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह और यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने इस हार को स्वीकार किया वह वाकई काबिले तारीफ है। इसके अलावा यहां यह भी गौर करने वाली बात है कि योगी और शाह दोनो ही नेताओं ने कहा की दो हारे हैं, सारी जीतेंगे।