कृषि मंत्री ने किसान आंदोलन को लेकर की यह मार्मिक अपील, पढ़ें बड़े बयान

किसान आंदोलन लगातार जारी है। हर दिन एक नई आशा दिखती है कि शायद किसानों और सरकार के बीच बातचीत से कोई रास्ता निकल आये। हालांकि ऐसा अभी तक ऐसा हो नही सका है। एक तरफ किसान जहां अपनी मांग पर अड़े हैं वहीं सरकार बिल को निरस्त करने की जगह बीच का रास्ता निकालने पर अड़ी है। इसी क्रम में सरकार और किसानों की तरफ से प्रेस कॉन्फ्रेंस कर अपनी बातें रखने का भी दौर जारी है।

अब सड़क से रेलवे ट्रैक पर जाएंगे किसान, तिथि की घोषणा जल्द, जानें आंदोलन की बड़ी बातें

नए कृषि कानूनों को लेकर सड़क पर किसान लगातार जमे हुए हैं। आंदोलन जारी है। सरकार के साथ पांच दौर की वार्ता हो चुकी है। यह वार्ता विफल रही है। इसके अलावा सरकार से मिले लिखित प्रस्ताव को भी किसान खारिज कर चुके हैं। इस बारे में क्या है किसानों की आगे की योजना इस बारे में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस सिंघु बॉर्डर पर आयोजित की है। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में कई किसान नेता मौजूद थे।

सरकार के प्रस्ताव अपर नही बनी बात, किसान बोले-रोज होंगे प्रदर्शन, दिल्ली-जयपुर हाईवे होगा बंद

कृषि कानूनों को लेकर जारी किसानों का आंदोलन थमने का नाम नही ले रहा है। एक तरफ जहां किसान इन तीनो बिलों को निरस्त करने की मांग पर अड़े हैं वहीं सरकार ने आज एक बार फिर बीच का रास्ता निकालते हुए एक लिखित प्रस्ताव किसानों को भेजा था। हालांकि किसानों ने इसे नकार दिया है। इसके अलावा किसानों की तरफ से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की गई

किसानों ने 8 दिसंबर को किया ‘भारत बंद’ का आह्वान, कांग्रेस और TMC ने दिया समर्थन

कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों और सरकार के बीच शनिवार को विज्ञान भवन में हुई पांचवें दौर की बातचीत भी बेनतीजा रही और किसानों का प्रदर्शन लगातार 11वें दिन रविवार (6 दिसंबर) को भी जारी है. पांचवे दौर की बातचीत में भी किसान तीनों कानून वापस लेने की मांग पर अड़े रहे और अब दोनों पक्षों के बीच अगले दौर की बातचीत 9 दिसंबर को होगी

किसानों के समर्थन में बोले तेजस्वी- धनदाता और अन्नदाता की लड़ाई में हम अन्नदाता के साथ

संसद द्वारा हाल ही में पास किये गए तीन कृषि बिलों पर मचा घमासान थमता नजर नही आ रहा है। एक तरफ जहां आज किसानों और सरकार के बीच पांचवें स्तर की वार्ता चल रही है वहीं दूसरी तरफ कई राजनीतिक दल भी अब किसानों के समर्थन में आ गए हैं।

आज किसानों के साथ बैठक से पहले पीएम के साथ मंत्रणा करने पहुंची मंत्रियों की फौज, जानें

संसद द्वारा पारित तीन कृषि कानूनों के खिलाफ सड़क पर पिछले कई दिनों से आंदोलनरत किसान आज इन कानूनों को समाप्त करने की मांग को लेकर आज एक बार फिर सरकार के प्रतिनिधि मंत्रियों से मिलेंगे। किसान जहां इन कानूनों को संसद का विशेष सत्र बुला रद्द करने से नीचे किसी भी बात पर मानने को तैयार नही वहीं सरकार बीच के रास्ते सहमति बनाने पर लगी है

किसान आंदोलन पर बोले कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर,कहा- आपने नाम पर करें राजनीति

देश मे इन दिनों किसानों का गुस्सा पूरे उफान में है। संसद द्वारा पारित तीन कृषि कानूनों को लेकर संशय ने उबाल को और बढ़ाया है।इसको लेकर राजनीति भी गर्म है। पिछले कई दिनों से लगातार पंजाब और हरियाणा के किसान दिल्ली कूच की जिद्द पर अड़े हैं और अब अंततः वह पहुंच चुके हैं।

जब किसान-पुलिस टकराव के बीच फंसी एम्बुलेंस

तीन नए कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का विरोध-प्रदर्शन और धरना जारी है. दिल्ली पहुंचे किसानों की आज बैठक हो रही है, जिसमें वो आगे की रणनीति तय करेंगे. इससे पहले शुक्रवार-शनिवार की रात हजारों किसानों ने हरियाणा-दिल्ली सिंघु बॉर्डर पर गुजारी.

किसानों को मिली दिल्ली में घुसने की इजाजत, निरंकारी समागम मैदान पर करेंगे प्रदर्शन

केंद्र के तीन नए कृषि कानूनों के खिलाफ ‘दिल्ली चलो’ मार्च के तहत राष्ट्रीय राजधानी की ओर बढ़ कर रहे किसानों को आखिर दिल्ली में दाखिल होने की इजाजत दे दी गई है। इन्हें बुराड़ी इलाके में निरंकारी समागम मैदान पर प्रदर्शन की मंजूरी मिल गई

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद की क्षेत्रीय समिति-IV की 25वीं बैठक आयोजित

केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण, ग्रामीण विकास, पंचायत राज और खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्री श्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा है कि देशभर में कृषि विज्ञान केंद्रों का ज्ञान और राज्यों के संसाधनों का लाभ छोटे किसानों तक पहुंचाया जाएं।

रिकॉर्ड उत्पादन और उर्वरकों की अच्‍छी बिक्री के कारण एफएसीटी ने तिमाही में 83.07 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड लाभ अर्जित किया

फर्टिलाइजर्स एंड कैमिकल्‍स त्रावणकोर लिमिटेड (एफएसीटी), रसायन और उर्वरक मंत्रालय के तहत एक सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी है। इसने 30 सितंबर, 2020 को समाप्त तिमाही में 83.07 करोड़ रुपए का रिकॉर्ड लाभ अर्जित किया है।

खरीफ विपणन सीजन 2020-21 के दौरान न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) का क्रियान्वयन

वर्तमान खरीफ विपणन सीजन (केएमएस) 2020-21 के दौरान सरकार ने अपनी मौजूदा न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) योजनाओं के अनुसार किसानों से एमएसपी पर खरीफ 2020-21 फसलों की खरीद जारी रखी है।

उपराष्ट्रपति ने भारतीय कृषि को टिकाऊ और लाभदायक बनाने के लिए बहु-आयामी प्रयास करने का आह्वान किया

उपराष्ट्रपति श्री एम. वेंकैया नायडू ने आज भारतीय कृषि को टिकाऊ और लाभदायक बनाने के लिए बहुपक्षीय प्रयास किए जाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हम अपने दृष्टिकोण और प्रक्रियाओं में बदलाव लाकर कम क्षेत्र में ही अधिक उत्पादन प्राप्‍त करने में सक्षम होंगे।

किसानों को बिचौलियों से आज़ाद होता देख तिलमिलाई कांग्रेस, परिवार के प्रमुख सदस्य ने लूटी जमीन- स्मृति ईरानी

हाल ही में संसद से भारी हंगामे के बीच पास हुए तीन कृषि बिलों को लेकर पंजाब में कांग्रेस बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन आयोजित कर रही है। इस कार्यक्रम को खेती बचाओ यात्रा नाम दिया गया है।

बीजेपी ने राज्यसभा सांसदों के लिए जारी किया व्हिप, लोकसभा सत्र से पहले कांग्रेस ने भी बुलाई बैठक, पढ़ें

कोरोना महामारी के दौर में जारी संसद के मानसून सत्र के हंगामेदार होने की आशंका अब तक सही साबित हुई है। कृषि विधेयकों को लेकर सरकार और विपक्षी दलों में खूब तनातनी देखने को मिल रही है। राज्यसभा से निलंबित सांसद जहां एक तरफ धरने पर हैं वहीं सांसदों के व्यवहार से दुखी राज्यसभा के उप-सभापति भी उपवास पर हैं। इसके अलावा उन्होंने राष्ट्रपति को चिट्ठी लिखकर भी सांसदों के व्यवहार पर दुख जताया है।