पलायन भी है आत्महत्या की एक बड़ी वजह

शहर आने वाला या अपना राज्य और समाज छोड़ रोजगार ढूंढने वाला हर व्यक्ति महानगर में आकर अपने अरमान पूरे कर ले या उसे तुरंत नौकरी मिल जाये यह कहीं से जरूरी नही

घरेलू हिंसा की शिकार महिलाएं तेजी से लगा रही हैं मौत को गले

भारत में बेटियों को बोझ मानने वाले लोग नही हैं, डरने वाले लोग हैं। उनका डर ऐसे माहौल को देखते हुए स्वभाविक भी है। आज के तथाकथित समाज मे भी ऐसे पैसे और दहेज के भूखे हैं जो हर तरफ से परिपूर्ण होने के बावजूद दहेज के लोभ से खुद को दूर नही कर पा रहे