जन सुराज अभियान के संस्थापक प्रशांत किशोर ने बिहार विधानसभा चुनाव से पहले दोनों गठबंधनों – एनडीए और महागठबंधन – पर करारा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि बिहार की जनता अब इन दोनों से थक चुकी है और बदलाव चाहती है।
प्रशांत किशोर ने कहा, “मैं कोई X फैक्टर नहीं हूं। बिहार में यह धारणा गलत है कि एनडीए या महागठबंधन के अलावा कोई विकल्प नहीं है। आंकड़े बताते हैं कि एक-तिहाई लोग इन दोनों में से किसी को वोट नहीं देना चाहते।”
उन्होंने दावा किया कि जन सुराज कम से कम 160-170 सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला देगा और कहा कि “हम या तो 10 से कम या 150 से ज्यादा सीटें जीतेंगे।” पीके ने आगे कहा, “लोग जन सुराज को विकल्प के रूप में देख रहे हैं, लेकिन वोट देने के लिए उन्हें भरोसे की छलांग लगानी होगी। हम नए चेहरे चुनाव में उतार रहे हैं और यह एक नई राजनीतिक व्यवस्था का प्रयोग है।”
उन्होंने जाति आधारित राजनीति पर कहा, “जाति को समझना और उसके नाम पर राजनीति करना अलग बातें हैं। जन सुराज में कोई जातिगत राजनीति नहीं है।”
प्रशांत किशोर ने साफ किया कि वे खुद चुनाव नहीं लड़ेंगे, क्योंकि समय की कमी है, पर वे अपने उम्मीदवारों के साथ खड़े रहेंगे। “मैं अरविंद केजरीवाल की तरह राजनीति नहीं करता। हम वैचारिक रूप से भाजपा के खिलाफ हैं,” उन्होंने कहा। बिहार में 6 और 11 नवंबर को मतदान होगा, जबकि गिनती 14 नवंबर को की जाएगी।
