कोरोना महामारी के दौर में जारी संसद के मानसून सत्र के हंगामेदार होने की आशंका अब तक सही साबित हुई है। कृषि विधेयकों को लेकर सरकार और विपक्षी दलों में खूब तनातनी देखने को मिल रही है। राज्यसभा से निलंबित सांसद जहां एक तरफ धरने पर हैं वहीं सांसदों के व्यवहार से दुखी राज्यसभा के उप-सभापति भी उपवास पर हैं। इसके अलावा उन्होंने राष्ट्रपति को चिट्ठी लिखकर भी सांसदों के व्यवहार पर दुख जताया है।
