हाथरस की घटना को लेकर पूरे देश में आक्रोश है. इस हैवानियत के लिए शब्द भी कम है. मगर उत्तर प्रदेश की पुलिस इस मामले को लेकर शुरू से ही असंवेदनशील बनी हुई है. यूपी पुलिस ने बिना परिवार की अनुमति के पीड़िता की लाश का अंतिम संस्कार कर दिया.
राम सिंह के आत्महत्या करने के बार जारी एक बयान में जेल अधिकारियों ने कहा था कि उसका व्यवहार काफी हिंसक था, उसके हाव भाव तुरंत बदल जाते थे और कब वह क्या करे यह समझ से परे था।