‘लैंड फॉर जॉब्स’ मामले में आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। शीर्ष अदालत ने शुक्रवार को ट्रायल पर रोक लगाने से इनकार कर दिया, हालांकि उन्हें व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में पेश होने से राहत जरूर दी गई है।
न्यायमूर्ति एमएम सुंदरेश और न्यायमूर्ति एन कोटिश्वर सिंह की पीठ ने कहा, “हम ट्रायल पर रोक नहीं लगाएंगे। यह मुख्य मामला हाई कोर्ट सुने।” साथ ही कोर्ट ने दिल्ली हाई कोर्ट को लालू की याचिका पर जल्द सुनवाई करने का निर्देश दिया।
यह मामला 2004 से 2009 के बीच लालू यादव के रेल मंत्री रहते हुए रेलवे में ग्रुप-डी भर्तियों से जुड़ा है। आरोप है कि नौकरी के बदले में उम्मीदवारों से जमीन ली गई, जो लालू के परिवार या करीबियों के नाम पर ट्रांसफर की गई।
सुनवाई के दौरान वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने दलील दी कि सीबीआई ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 17A के तहत जरूरी अनुमति नहीं ली। सीबीआई की ओर से एएसजी एसवी राजू ने कहा कि मामला 2018 संशोधन से पहले का है, इसलिए अनुमति की जरूरत नहीं थी।
कोर्ट ने मामले के गुण-दोष में जाने से इनकार कर दिया और ट्रायल जारी रखने का निर्देश दिया।
