मीडिया के कुछ वर्गों में एक काल्‍पनिक कहानी प्रसारित की जा रही है जिसमें यह दावा किया गया है कि अटॉर्नी जनरल ने वोडाफोन मध्यस्थता अवार्ड में अपील नकरने के पक्ष में राय दी है ऐसा दावा पूरी तरह से गलत है और तथ्यों पर आधारित नहीं है।