कांग्रेस ने बड़ा राजनीतिक फेरबदल करते हुए हरीश चौधरी को पंजाब और चंडीगढ़ का कांग्रेस प्रभारी नियुक्त किया है। इस पद पर अब तक तैनात हरीश रावत को जिम्मेदारी से मुक्त कर दिया गया है।

तीन दिन पहले हरीश रावत ने ट्विटर पर पार्टी आलाकमान से सार्वजनिक अपील की थी कि उन्हें पंजाब के प्रभारी पद से मुक्त किया जाए। पंजाब प्रदेश कांग्रेस में पिछले कई महीनों से चल रही उठापटक की पृष्ठभूमि में रावत पिछले दिनों कांग्रेस आलाकमान से पंजाब प्रभारी की जिम्मेदारी से मुक्त किए जाने को लेकर आग्रह कर चुके थे।

उनकी दलील थी कि वह अपने राज्य, उत्तराखंड में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव पर ध्यान केंद्रित करना चाहते हैं। पार्टी ने शुक्रवार को महासचिव केसी वेणुगोपाल द्वारा हस्ताक्षरित एक प्रेस विज्ञप्ति में बदलाव की जानकारी दी।

अभी हाल ही में पंजाब में नेतृत्व परिवर्तन के दौरान हरीश चौधरी को कांग्रेस आलाकमान द्वारा पर्यवेक्षक के रूप में नियुक्त किया गया था, जिसमें कैप्टन अमरिंदर सिंह के इस्तीफे और चरणजीत चन्नी को मुख्यमंत्री के रूप में पदोन्नत किया गया था।

अभी हरीश चौधरी राजस्थान के राजस्व मंत्री के तौर पर कार्यभार संभाल रहे थे। वह 2017 में पंजाब के सह-प्रभारी भी रहे थे। जब कांग्रेस ने कांग्रेस विधायक दल की बैठक बुलाई थी, तब चौधरी को पर्यवेक्षक के रूप में भेजा गया था, तब से वह पंजाब में ही है।