पश्चिम बंगाल में अगले साल विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। आगामी चुनावों को लेकर राज्य की राजनीति में काफी तपन महसूस की जा रही है। एक तरफ जहां ममता बनर्जी और टीएमसी के सामने सत्ता में बने रहने की चुनौती है वहीं दूसरी तरफ बीजेपी इस बार बंगाल फतह करने के लिए जी जान से जुटी है।
हालांकि इन सब के बीच आज बंगाल में तब बवाल मच गया जब कुछ टीएमसी कार्यकर्ताओं ने बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा की गाड़ी पर पथराव कर दिया। इस काफिले में बीजेपी प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय भी शामिल थे। पथराव में उनके हाथ मे हल्की चोट आने की खबर है। 
बंगाल में नड्डा के काफिले पर हुए हमले के बाद कैलाश विजयवर्गीय ने कहा,’हमारे ऊपर पथराव होने से हमें चोटे आईं। यह अराजकता की हद है। मैं बंगाल की जनता से पूछना चाहता हूं, क्या बंगाल में राजनितिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष का इस तरह से स्वागत किया जाता है? जनता इस दिशा में निर्णय करें कि बंगाल की संस्कृति का अपमान कब तक होने देंगे हम?’
वहीं इस हमले के बाद एक कार्यक्रम में बोलते हुए बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कहा,’आज मैं यहां आया हूं,रास्ते में मुझे जो दृश्य देखने को मिला, वो इस बात को बताता है कि ममता जी के राज में बंगाल अराजकता और असहिष्णुता का पर्यायवाची बन चुका है आज मैं यहां पहुंचा हूं तो मां दुर्गा के आशीर्वाद से पहुंचा हूं।’
उन्होंने दक्षिणी 24 परगना में एक कार्यक्रम में बोलते हुए आगे कहा,’टीएमसी के कार्यकर्ताओं और उनके गुंडों ने प्रजातंत्र का गला घोंटने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी। ये अराजकता ज्यादा दिन नहीं चलने वाली है, ममता जी की सरकार यहां से जाने वाली है, और बंगाल में कमल खिलने वाला है।’
हमले के बारे में बताते हुए नड्डा ने कहा,’मैं इसलिए सुरक्षित हूं क्योंकि मेरे पास बुलेट प्रूफ गाड़ी थी। वरना आज कोई ऐसी गाड़ी नहीं थी जिस पर हमला न हुआ हो। इस गुंडाराज को खत्म करके प्रजातंत्र को यहां आगे बढ़ाना है।’
नड्डा के काफिले पर हुए पथराव पर बीजेपी के कई केंद्रीय मंत्रियों सहित कई बड़े नेताओं ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने कहा,’कल भी समाचार आया था कि जैसी सुरक्षा नड्डा जी को अपेक्षित थी वो उन्हें नहीं दी गई। सामान्यतः मतभिन्नता लोकतंत्र में स्वाभाविक है पर ऐसी घटनाएं देखने को नहीं मिलती थी। इस घटना पर सरकार की अनदेखी घोर निंदनीय है। मैं संबंधित लोगों पर कार्रवाई की मांग करता हूं।’
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा,’आज बंगाल में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के ऊपर हुआ हमला बहुत ही निंदनीय है, उसकी जितनी भी निंदा की जाये वो कम है।केंद्र सरकार इस हमले को पूरी गंभीरता से ले रही है। बंगाल सरकार को इस प्रायोजित हिंसा के लिए प्रदेश की शांतिप्रिय जनता को जवाब देना होगा।’
उन्होंने एक अन्य ट्वीट में लिखा,’तृणमूल शासन में बंगाल अत्याचार, अराजकता और अंधकार के युग में जा चुका है। टीएमसी के राज में पश्चिम बंगाल के अंदर जिस तरह से राजनीतिक हिंसा को संस्थागत कर चरम सीमा पर पहुँचाया गया है, वो लोकतांत्रिक मूल्यों में विश्वास रखने वाले सभी लोगों के लिए दु:खद भी है और चिंताजनक भी।’

पश्चिम बंगाल बीजेपी के अध्यक्ष दिलीप घोष ने इस बाबत प्रतिक्रिया देते हुए कहा,’आज का दिन भारतीय राजनीति के इतिहास में एक काला दिन है। पश्चिम बंगाल में मीडिया भी सुरक्षित नहीं है।’ वहीं बीजेपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुकुल रॉय ने कहा,’आज की स्थिति को देखते हुए, पश्चिम बंगाल में तुरंत राष्ट्रपति शासन लगाया जाना चाहिए।’
इस बारे में अपनी प्रतिक्रिया में एमपी के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा,’ममता दीदी ने बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी.नड्डा के कार पर हमला करवाया है। यह लोकतंत्र की हत्या का प्रयास है जिसे पश्चिम बंगाल की जनता सहन नहीं करेगी। ममता दीदी नड्डा जी की गाड़ी पर फेका गया पत्थर बंगाल में TMC के कफन में अंतिम कील साबित होगा।’
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा,’सैकड़ों बीजेपी कार्यकर्ताओं की जान पिछले कुछ सालों में पश्चिम बंगाल में गई हैं। हिंसा और हत्या का दौर लगातार जारी है। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के काफिले पर जिस तरह से पथराव किया गया है लोकतंत्र में इससे बड़ी हत्या कुछ नहीं हो सकती है।’