बिहार  के इकलौते वाल्मीकि टाईगर रिजर्व में वनराज रॉयल बंगाल टाइगर बाघों की संख्या में वृद्धि के संकेत मिले हैं अनुमान है कि वीटीआर में वयस्क बाघों की संख्या 40 के पार पहुंच गई है. इनमें शावकों की संख्या अलग है ट्रैप कैमरे की मदद से इनकी संख्या का निश्चित अनुमान टाइगर रिजर्व प्रबंधन प्रशासन द्वारा गणना कर लगाया जाएगा.

दरअसल इंडो नेपाल सीमा पर स्थित टाईगर रिजर्व के अलग अलग वन क्षेत्रों में बाघों कि गणना एक बार फिर शुरू होगी. वाल्मीकि टाईगर रिजर्व जंगल में बाघों की गिनती के लिए वीटीआर में ट्रैप कैमरे लगाए जा रहे हैं इसके लिए वाल्मीकि टाइगर रिजर्व प्रशासन वन प्रमंडल 2 के चंपापुर गोनौली, हरनाटांड, वाल्मीकिनगर, मदनपुर, चिउंटाहां आदि वन क्षेत्रों में कैमरे लगा रहा है.

टाइगर डे पर देश भर में पांचवें स्थान पर बिहार के इकलौते वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के वन क्षेत्र में बाघों की संख्या में वृद्धि के पुनः संकेत मिले हैं ऐसा अनुमान है कि वीटीआर में अब वयस्क बाघों की संख्या 40 के पार पहुंच गई है इनमें शावकों की संख्या अलग है ट्रैप कैमरे की मदद से बाघों की तस्वीर और उनके पगमार्क से इनकी संख्या का निश्चित अनुमान टाइगर रिजर्व प्रशासन द्वारा गणना कर लगाया जाएगा और इसकी रिपोर्ट भी एनटीसीए को सौंपी जाएगी. 

इसी कड़ी में यहां करीब 500 कैमरे लगाए जाएंगे जिसकी कवायद शुरू कर दी गई है. वाल्मीकि टाईगर रिजर्व के वन संरक्षक सह क्षेत्र निदेशक हेमकांत राय ने बताया कि वन प्रमंडल 2 में ट्रैप कैमरा लगाने का कार्य शुरू कर दिया गया है इस कार्य में लगभग एक माह लगेंगे वन प्रमंडल 2 में क़रीब 500 कैमरे लगाए जाएंगे. एक माह के बाद कैमरों को वन प्रमंडल 1 मंगुरहा इलाक़े में भी लगाया जाएगा .

बता दें कि वाल्मीकि टाइगर रिजर्व प्रबंधन रूटीन के मुताबिक बाघों की गणना का कार्य करता है वर्ष 2018 और 2019 का रिपोर्ट एनटीसीए को सौंप दिया गया है ट्रैप कैमरा में जितनी भी तस्वीर आएंगी उन्हें प्रत्येक सप्ताह निकालकर देखा जाता है और उसके अनुसार बाघों की संख्या की जानकारी मिलती है. एक बार फ़िर पर्यटन नगरी वाल्मीकि टाईगर रिजर्व जंगल में बढ़ते बाघों की संख्या पर्यटन और जंगल सफारी के लिए आकर्षण के साथ साथ कृतिमान स्थापित करने की ओर अग्रसर है .