कोरोना महामारी के दौर में लगभग आठ महीने से बंद धार्मिक स्थल एक बार फिर खोलने के आदेश महाराष्ट्र की उद्धव सरकार ने जारी कर दिए हैं। इन आदेशों को जारी करते हुए इससे संबंधित दिशा निर्देश भी जारी कर दिए गए हैं। एसओपी के मुताबिक कोरोना के प्रसार को रोकने और इससे बचाव के लिए सभी आवश्यक दिशा-निर्देशों का पालन करना आवश्यक होगा।


राज्य सरकार की तरफ से धार्मिक स्थलों को खोलने के फैसले को बीजेपी अपनी बड़ी उपलब्धि मान रही है। बीजेपी ने लगातार इसके लिए राज्य सरकार पर दबाव बनाया था और इस बाबत राज्यपाल से मिलने भी पहुंचे थे। इसके बाद बीजेपी और शिवसेना की तरफ से तीखी बयानबाजी भी देखने को मिली थी। अब एक बार फिर दोनों तरफ से बयानबाजी बढ़ती नजर आ रही है।


धार्मिक स्थलों के खोले जाने संबंधी फैसला लेने पर बयान देते हुए शिवसेना के प्रवक्ता संजय राउत ने कहा,’ सरकार ने सभी धार्मिक स्थल को खोलने का निर्णय लिया और सभी नियमों का पालन करने कहा है।अगर किसी(BJP) को लगता है कि ये हिंदुत्व की जीत है तो ये फैसला PM जी के आदेश पर ही लिया गया था।मुझे लगता है PM को एक बैठक कर सबको बताना चाहिए कि हार या जीत क्या होती है।’