बिहार चुनावों को लेकर अब आरोप-प्रत्यारोप का तीखा दौर शुरू हो गया। वर्चुअल रैली और सम्मेलन के भरोसे कोरोना के इस दौर में चुनावी बाजी जीतने की जंग है। वर्चुअल तरीके से अभी तक बीजेपी सभी दलों से आगे है वहीं जदयू भी बीजेपी के ठीक पीछे है। अब जब सत्ता पक्ष एक्टिव है तो विपक्ष की मजबूरी ही सही लेकिन करना तो पड़ेगा ही। ऐसे में कांग्रेस भी गुरुवार से जहां डिजिटल प्रचार अभियान की शुरुआत करेगी वहीं राजद पहले से महागठबंधन की तरफ से मोर्चा संभाल रही है।


इसी क्रम में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने नीतीश सरकार पर जोरदार हमला बोला है। ट्वीट के अलावा मीडिया को सम्बोधित करते हुए भी तेजस्वी ने सरकार को आड़े हाथों लिया। एक ट्वीट में उन्होंने लिखा,”बिहार बेरोज़गारी में: नंबर-1, गरीबी और पलायन में:नंबर-1, बदहाल कानून व्यवस्था में: नंबर-1, दलितों के ख़िलाफ अत्याचार में: नंबर-1, फिसड्डी शिक्षा-स्वास्थ्य व्यवस्था में: नंबर-1, रिश्वतख़ोरी,घोटालों और भ्रष्टाचार में: नंबर-1, लूट,हत्या,अत्याचार और बलात्कार में: नंबर-1, अपने इन आरोपों के साथ तेजस्वी ने #BiharrejectsNitish हैशटैग का प्रयोग भी किया।


इसके अलावा उन्होंने कहा नीतीश कुमार की विगत 1 मार्च को गाँधी मैदान की एक्चुअल रैली का हश्र पूरे देश ने देखा था। ख़ैर वर्चुअल के बहाने हम उन्हें एक्चुअल मुद्दों से भागने नहीं देंगे। इसके साथ ही तेजस्वी ने नीतीश से दस सवाल भी पूछे थे।