भारत से संबंधित हर मसले को लेकर यूएनएससी में पहुंचने वाले पाकिस्तान को एक जोरदार झटका लगने वाला है। भारत ने यूएनएससी से अपील की है कि कश्मीर मुद्दे को हमेशा के लिए यूएनएससी में शामिल पाकिस्तान-भारत के पुराने एजेंडे से हटाया जाए। इसका कोई औचित्य नही और यह कहीं से विवादित भी नही है। भारत ने कहा कि ऐसी ‘तर्कहीन कवायद’ का एक उन्नत जगत में कोई मतलब नहीं है।


भारत ने इसके अलावा पाकिस्तान को एक बार फिर खरी-खरी भी सुनाई। भारत ने कहा है कि पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल हमेशा खुद को अंतरराष्ट्रीय शांति में योगदान देने के लिए प्रतिबद्ध देश बताने की कोशिश करता है हालांकि वह यह भूल जाता है कि उसकी पहचान अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद के मूल स्रोत और आतंकी संगठनों के केंद्र के तौर पर है। भारत ने यह टिप्पणी पाकिस्तान के यूएन राजदूत मुनीर अकरम की तरफ से जम्मू-कश्मीर का मुद्दा सुरक्षा परिषद की वार्षिक रिपोर्ट पर आयोजित अनौपचारिक वर्चुअल बैठक के दौरान उठाने का प्रयास किए जाने पर की।