कोरोना महामारी के शुरुआती दौर में जब कम जांच हो रही थी तब इसके कई अलग-अलग कारण दिए जा रहे थे। कहीं टेस्टिंग किट की कमी तो कहीं आंकड़ों को छुपाने से इसे जोड़ा जा रहा था हालांकि अब भारत के जो आंकड़े जांच को लेकर सामने आए हैं वह पहले से न सिर्फ बेहतर हैं बल्कि हर अनुमान, दावे और आकलन का जवाब देते नजर आ रहे हैं। जांच के आंकड़ों की बात करें तो भारत ने रूस (3.38 करोड़)को इस मामले में पीछे छोड़ दिया है। अब भारत (3.45 करोड़) से आगे सिर्फ चीन (9.4 करोड़) और अमेरिका (7.47 करोड़)हैं।


आईसीएमआर से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक पहली बार एक दिन में 10.23 लाख लोगों का परीक्षण किया गया। अब तक करीब 3.45 करोड़ लोगों की कोरोना जांच की जा चुकी है। देश भर के कुल आंकड़े में योगदान और राज्यों की बात करें तो बिहार और यूपी ने जांच में तेजी लाते हुए कमाल कर दिया है। 


आंकड़ों को देखें तो उत्तर प्रदेश में अब तक करीब 43 लाख लोगों की जांच की जा चुकी है और रोजाना 1.10 लाख से ज्यादा लोगों का परीक्षण किया जा रहा है। बिहार में अब तक 22.28 लाख परीक्षण किए जा चुके हैं। वहीं, सर्वाधिक प्रभावित महाराष्ट्र में सिर्फ 35 लाख टेस्ट हुए हैं।