योगी आदित्यनाथ आज विधानसभा में विपक्ष के आरोपों का जवाब दे रहे थे। यूँ तो यह संबोधन अलग अलग मुद्दों पर था लेकिन योगी ने खास कर अपने विरोधियों को आड़े हाथों लेते हुए पिछले दिनों लगाए गए सारे इल्जाम का जवाब देने के लिए इस मौके का फायदा उठाया। इस दौरान वह पूरे रौ में थे। कभी यह कह विपक्ष को जवाब दिया कि मुझे शायरी नही श्लोक आते हैं और शायरी  पढ़ दी वहीं कभी ‘दिल्ली के नमूने’ जैसे शब्दों का प्रयोग किया।


अब यह समझना उन लोगों के लिए कोई मुश्किल काम नही था जो पिछले कुछ दिनों से यूपी की राजनीति के बारे में पढ़ देख रहे हैं। दरअसल ऐसा कहते हुए योगी ने आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह को आड़े हाथों लिया था। ज्ञात हो कि पिछले कई दिनों से संजय सिंह यूपी की योगी सरकार पर हमलावर हैं और अपने आप को यूपी का बेटा बताते रहे हैं। यूपी पुलिस ने एक के बाद एक कई मुकदमे भी संजय सिंह पर दर्ज किए हैं। योगी ने इसी बात पर जवाब देते हुए उन्हें बिना नाम लिए दिल्ली का नमूना कहा।


संजय सिंह भी इस बात को समझ गए कि सीएम योगी ने इशारे-इशारे में उन्हें ही जवाब दिया है। यही वजह है कि संजय सिंह ने एक ट्वीट के जरिए कहा कि आप मुझे नमूना कह लीजिए लेकिन मुद्दों से भटकाने के बजाय मेरे सवालों का जवाब तो दे दीजिए। सपा सुप्रीमों अखिलेश यादव ने भी योगी के इस बयान को निंदनीय बताया और करवाई की मांग की है।