क्या है आत्महत्या की परिभाषा?

आत्महत्या मन के भावों की वह प्रवृति है जब इंसान जीने की उम्मीदें छोड़ देता है। जब वह मान लेता है कि जिंदगी में कुछ हासिल नही हो सकता या मन टूट जाता है।

Educational and Creative composition with the message Stop Suicide on the blackboard

आत्महत्या की खबरें हम रोज पढ़ते, देखते और सुनते हैं। लेकिन यह क्यों होता है और इसकी परिभाषा क्या है यह कम ही लोगों को पता है। यूँ तो शब्द आत्महत्या ही यह समझने को काफी है की इसका मतलब खुद अपने द्वारा अपनी हत्या का कारण बनता है लेकिन अगर इसकी सटीक परिभाषा देखी जाए तो आत्महत्या मनुष्य के जीने की लालसा खत्म होने के बाद कि जाने वाली वह गतिविधि है जो किसी मजबूरी या दबाव में उठाया जा सकता है। 

आत्महत्या मन के भावों की वह प्रवृति है जब इंसान जीने की उम्मीदें छोड़ देता है। जब वह मान लेता है कि जिंदगी में कुछ हासिल नही हो सकता या मन टूट जाता है। यह कुछ भी हो सकता है। आदमी अवसाद में जाने के बाद जिस फैसले के बारे में सबसे पहले सोचना शुरू करता है और खुद को नुकसान पहुंचा कर छुटकारा पाना चाहता है इसे ही आत्महत्या कह सकते हैं। हालांकि यह कानूनन और आधुनिक मान्यताओं के अनुसार गलत है। जिंदगी अनमोल है, वह खुद को नुकसान पहुंचाने के लिए नही है, वह दूसरों के काम आने के लिए है। इसका इस्तेमाल करें।

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