चुनावों के बाद शिवराज पार्टी पदाधिकारियों और अन्य नेताओं के साथ बैठक कर रहे थे। इस दौरान एमपी बीजेपी अध्यक्ष ने उन्हें नतीजों से पहले ही जीत की बधाई दे दी। अन्य नेताओं ने शिवराज पर अपना भरोसा जताया और उनके समर्थन में तालियां भी बजाई गई। आपको बता दें कि इस बैठक से पहले जब शिवराज से पूछा गया कि नतीजों को लेकर उनका अनुमान क्या है? इसके जवाब में शिवराज आत्मविश्वास से लबरेज दिखे और कहा चौथी बार हमारी सरकार बनेगी। उन्होंने खुद को सबसे बड़ा सर्वेयर बताते हुए कहा कि मैं गांव-गांव,जिले-जिले घुमा हूं। लोगों से मिला हूँ। मुझे पता है लोग किसके साथ हैं।

एन्टी इनकम्बेंसी के सवाल पर शिवराज ने कहा कि हमारी सरकार के खिलाफ नही बल्कि पक्ष में जनमत है। नतीजों के बाद सब स्पष्ट हो जाएगा। दूसरी तरफ अगर कांग्रेस की बात करें तो अभी खेमे में खामोशी है। सिंधिया, कमलनाथ या दिग्विजय सिंह किसी ने भी अभी तक नतीजों को लेकर कोई बड़ा बयान नही दिया है। ऐसे में शायद कांग्रेस अब भी संशय में है। या यूं कहें नतीजों के पहले कुछ भी ऐसा नही कहना चाहती जिससे बाद में कोई विवाद हो। खैर शिवराज और महाराज (ज्योतिरादित्य सिंधिया) में अब किसके हाथ मे सत्ता होगी यह तो आने वाले नतीजों के बाद ही तय होगा। इन सब के बीच एक बात साफ है कि चुनावों के बाद भी अभी राजनीति सरगर्मी जारी है।